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ग्राउंड रिपोर्ट

आंगनबाड़ी सेविका सहायिकाओं के हड़ताल में विधायक भी रहे शामिल

बिहार राज्य आंगनबाड़ी संयुक्त संघर्ष समिति के आह्वान पर विगत 29 सितम्बर से आंगनबाड़ी सेविका-सहायिकाओं के मानदेय में बढ़ोतरी समेत अन्य लंबित मांगों को लेकर अनिश्चितकालीन हड़ताल के समर्थन में 15 वें दिन भाकपा-माले के डुमराँव विधायक डॉ० अजीत कुमार सिंह, बक्सर व चौसा प्रखण्ड पर धरना दे रहीं सेविकाओं- सहायिकाओं के धरना में शामिल हुए.

द जनमित्र | सरिता कुमारी

बक्सर: धरना में भाकपा-माले के बक्सर सचिव नीरज कुमार, माले नेता ओमप्रकाश सिंह, संजय सिंह, राजदेव सिंह एवं गनेश सिंह आंगनबाड़ी सेविका व सहायिका के मांगों के समर्थन में शामिल हुए

डुमराँव विधायक ने कहा कि बिहार आंगनबाड़ी संयुक्त संघर्ष समिति के बैनर तले बिहार भर की ढाई लाख से ज्यादा आंगनबाड़ी सेविका-सहायिकाओं द्वारा अनिश्चितकालीन हड़ताल व धरना दिया जा रहा है. बिहार महागठबंधन की सरकार ने यह वायदा किया गया था कि, आंगनबाड़ी सेविका और सहायिका के मानदेय में सम्मानजनक बढ़ोतरी किया जायेगा. अब बिहार में महागठबंधन की सरकार है और महागठबंधन की सरकार से लोगों को अपेक्षाएं भी हैं. इसीलिए आंगनबाड़ी की सेविका और सहायिका के मांगों को पूरा करना ही चाहिए.

इन्हें सरकारी कर्मचारी का दर्जा तथा सेविकाओं को 25000 एवं सहायिकाओं को 18000 प्रतिमाह मानदेय राशि दी जानी चाहिए. आंगनबाड़ी सेविका सहायिकाओं को सरकारी कर्मचारी का दर्जा देते हुए क्रमशः ग्रेड सी और ग्रेड डी में समायोजित किया जाए. सेविका सहायिकाओं का कार्य अवधि 8 घंटा निर्धारित किया जाए. सेवा शर्त के अलावे अतिरिक्त कार्यों के लिए उचित पारिश्रमिक के साथ लिखित आदेश पत्र निर्गत करना सुनिश्चित किया जाए.

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उन्होंने कहा कि हम सड़क से सदन तक इन जायज माँगो के पक्ष में हैं और विधानसभा के शीतकालीन सत्र में भी इसे पुरजोर तरीके से उठाया जायेगा.