शुक्रवार, 23 अक्टूबर 2026
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वासुदेवा में फर्नीचर के बहाने चल रही थी अवैध हथियार फैक्ट्री

बक्सर जिले के वासुदेवा थाना अंतर्गत बिंद टोली गांव में पुलिस ने एक मिनी गन फैक्ट्री का भंडाफोड़ कर दो आरोपियों को हिरासत में लिया है। फर्नीचर निर्माण का नाम लेकर यहां अवैध रूप से हथियार बनाए जा रहे थे।

अपर पुलिस अधीक्षक भास्कर रंजन की अगुवाई में टीम ने छापा मारा। मौके से तैयार और अधबने हथियारों के साथ निर्माण में प्रयुक्त कई औजार भी बरामद हुए।

गिरफ्तार आरोपियों में बिंद टोली निवासी बिगन बिंद और नावानगर थाना क्षेत्र के संतोष शर्मा शामिल हैं। पुलिस दोनों से गहन पूछताछ कर रही है ताकि हथियार बनाने और सप्लाई से जुड़े पूरे नेटवर्क का पता चल सके।

छापे के दौरान दो देसी कट्टा, एक एकनाली बंदूक, एक अधबना कट्टा, छह कारतूस और एक खोखा जब्त किए गए। साथ ही 22 ग्राम गांजा भी बरामद हुआ।

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हथियार बनाने के उपकरण भी बड़ी संख्या में मिले। इनमें दो अधबने बैरल, छेनी के 26 टुकड़े, लोहे के 20 औजार, दो ट्रीमर, दो हैमर, चार प्लास, आठ सरसी, लोहा काटने वाली कैंची, पाइप, रेती, हथौड़ी, रेमर, निहाई, पुरानी ग्रेडर मशीन, हवा वाली भट्ठी और 13 स्प्रिंग शामिल हैं।

मामले में वासुदेवा थाना कांड संख्या 125/26 दिनांक 22 अक्टूबर 2026 के तहत आर्म्स एक्ट में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। जांच अधिकारी यह पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं कि यह अवैध निर्माण कब से चल रहा था, तैयार हथियार कहां भेजे जाते थे और नेटवर्क में अन्य लोग भी शामिल हैं या नहीं।

गौरतलब है कि अनुमंडल क्षेत्र में इससे पहले भी ऐसा मामला सामने आ चुका है। 31 अगस्त 2024 को भोजपुर थाना क्षेत्र के चंदा गांव में भी मिनी गन फैक्ट्री का खुलासा हुआ था। उस समय एक पिस्तौल के अलावा 35 टाइगर प्लेट, 36 कॉर्क रॉड, 33 बैरल, 20 बट, तीन ड्रिल मशीन, एक लेथ मशीन, एक ग्राइंडर और तीन मोबाइल फोन बरामद हुए थे। उस मामले में सात आरोपियों की गिरफ्तारी की गई थी।

वासुदेवा में दोबारा ऐसी फैक्ट्री मिलने के बाद पुलिस अवैध हथियारों की सप्लाई श्रृंखला की जांच पर खास ध्यान दे रही है। तैयार हथियार किन लोगों तक पहुंचते थे और इस कारोबार से जुड़े अन्य नामों का पता लगाने की कोशिश जारी है।

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