स्थानीय

मौसम की करवटः आम लोगों को राहत, किसानों की आफ़त

Spread the love

द जनमित्र | शशि

पिछले एक सप्ताह से तेज धूप लोगों को गर्मी का एहसास करा रही थी, लेकिन होली के अगले दिन मौसम में अचानक बदलाव देखने को मिला। बदलते मौसम से लोगों को गर्मी से राहत मिली है। पूरे दिन बादल छाए रहे और जिले के कई इलाकों में आंशिक बूंदाबांदी हुई, जिससे एक बार फिर ठंड का एहसास हुआ।

बीते कुछ दिनों से लगातार बढ़ रही गर्मी के कारण लोगों को असहजता महसूस हो रही थी। मार्च के महीने में ही तापमान 39 डिग्री सेल्सियस को पार कर गया था, जिससे लोग परेशान थे। लेकिन इस बदलाव ने थोड़ी राहत दी।

मौसम विभाग ने पहले ही कई जिलों में बारिश की चेतावनी जारी कर दी थी। जिले के आसमान में बादल छाए रहने से तापमान में भी गिरावट दर्ज की गई। मौसम विभाग के अनुसार, अगले दो दिनों तक आसमान में बादलों का आना-जाना जारी रहेगा। हालांकि, राज्य के अधिकांश हिस्सों में मौसम शुष्क रहेगा। तापमान की बात करें तो अधिकतम तापमान 31 से 36 डिग्री सेल्सियस के बीच रहेगा, जबकि न्यूनतम तापमान 18 से 21 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने की संभावना है।

तेज पछुआ हवा चलने की संभावना जताई गई है, जिससे गर्मी से कुछ राहत मिल सकती है। पश्चिमी विक्षोभ का प्रभाव भी देखने को मिलेगा। मौसम विभाग के अनुसार, “उत्तर मध्य और उत्तर-पूर्व भागों में सतही हवा की गति 8-10 किमी प्रति घंटा होगी, जबकि झोंकों के साथ यह 15-25 किमी प्रति घंटा तक पहुंच सकती है।”

हालांकि उसके अगले सप्ताह के बाद एक बार फिर तापमान में बढ़ोतरी होगी। अधिकतम और न्यूनतम तापमान में वृद्धि होने की संभावना है, जिससे तापमान 39 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है और गर्मी का सामना करना पड़ सकता है।

इस बदले हुए मौसम ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है। किसानों का कहना है कि अगर बारिश तेज होती है, तो उनकी सरसों, गेहूं और चना की फसलों को नुकसान हो सकता है। कई क्षेत्रों में गेहूं की फसल कटाई के लिए लगभग तैयार है, ऐसे में बारिश से उत्पादन पर नकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है। किसानों को डर है कि अधिक नमी और जलभराव से फसल खराब हो सकती है, जिससे उनकी मेहनत पर पानी फिर जाएगा।

Comment here