द जनमित्र डेस्क
जिले में एलपीजी सिलेंडर की आपूर्ति और वितरण व्यवस्था को लेकर प्रभारी जिला पदाधिकारी निहारिका छवि ने शुक्रवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि वर्तमान में जिले में 26,707 गैस रिफिल बुकिंग लंबित हैं, जिससे करीब साढ़े चार दिनों का बैकलॉग बन गया है। एजेंसियों के पास मात्र 3,717 सिलेंडर का स्टॉक बचा हुआ है।

जिले में इंडियन ऑयल, भारत पेट्रोलियम और हिंदुस्तान पेट्रोलियम के तहत कुल 27 गैस एजेंसियां कार्यरत हैं। 13 मार्च 2026 से 3 अप्रैल 2026 तक उपभोक्ताओं को 1,03,213 सिलेंडर वितरित किए गए। आंकड़ों के मुताबिक जिले में प्रतिदिन औसतन 6,419 सिलेंडर की मांग है, लेकिन औसतन सिर्फ 5,772 सिलेंडर ही आपूर्ति हो पा रही है। यही अंतर बुकिंग लंबित होने का मुख्य कारण है।
प्रशासन ने व्यवस्था सुधारने के लिए सख्त कदम उठाए हैं। अब शहरी क्षेत्रों में 25 दिनों और ग्रामीण क्षेत्रों में 45 दिनों के अंतराल के बाद ही नई बुकिंग की अनुमति दी जाएगी। गैस एजेंसियों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों की लगातार जांच हो रही है। 21 मार्च 2026 को सदर अनुमंडल पदाधिकारी की छापेमारी में दो रेस्टोरेंट पर प्राथमिकी दर्ज की गई और 24 घरेलू सिलेंडर जब्त किए गए। इसके अलावा 1 और 2 अप्रैल को कुल 62 एजेंसियों व प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया गया।
आमजन की शिकायतों के त्वरित निपटारे के लिए जिला नियंत्रण कक्ष स्थापित किया गया है। अब तक 709 शिकायतें मिली हैं, जिनमें से 613 का निस्तारण हो चुका है और बाकी पर कार्रवाई जारी है।
जिले में कुल 3,50,545 घरेलू एलपीजी कनेक्शन हैं। बक्सर अनुमंडल में 1,273 और डुमरांव अनुमंडल में 960 व्यावसायिक कनेक्शन संचालित हैं।
प्रशासन ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि गैस की उपलब्धता को लेकर अफवाह फैलाने वालों पर सख्त कार्रवाई होगी। सोशल मीडिया पर भी नजर रखी जा रही है। गैस की आपूर्ति सिर्फ निर्धारित प्रक्रिया के तहत होम डिलीवरी के जरिए ही की जा रही है।
जिला आपूर्ति पदाधिकारी ने सोनामति गैस एजेंसी और कुँवर ज्योति गैस एजेंसी से बिना बुकिंग डिलीवरी, अधिक बैकलॉग और तीन दिन से ज्यादा देरी के मामले में स्पष्टीकरण मांगा है।


Comment here